अपराधी का आपराधिक इतिहास और इनामी दर्जा
आदिल मिर्जा पिछले कुछ समय से पुलिस के लिए सिरदर्द बना हुआ था। वह विभिन्न फायरिंग मामलों में शामिल था, जिसमें पुलिस पर ही गोलीबारी शामिल थी।
– कोटा शहर पुलिस ने उसके खिलाफ अलग-अलग प्रकरणों में 10-10 हजार रुपये का इनाम घोषित किया हुआ था।
– कोटा ग्रामीण पुलिस ने उसे रेंज स्तर के टॉप-10 फरार अपराधियों में शामिल किया था और एसपी स्तर पर चव्वनी (25 पैसे) का प्रतीकात्मक इनाम घोषित किया था।
आदिल मिर्जा पहले भी पुलिस पर फायरिंग कर चुका था। विशेष रूप से 9 जनवरी को सांगोद क्षेत्र में कैथूनीपोल थाना पुलिस पर फायरिंग की घटना में उसका नाम प्रमुखता से सामने आया था। उस समय वह रात्रि के अंधेरे का फायदा उठाकर फरार हो गया था, लेकिन पुलिस ने लगातार तकनीकी और खुफिया जांच जारी रखी।
घटना का क्रम: दो दिन पहले की फायरिंग से लेकर अंतिम मुठभेड़ तक
घटना की शुरुआत 9 जनवरी को हुई, जब थाना सांगोद क्षेत्र में आदिल मिर्जा और उसके साथी पार्टी कर रहे थे। इस सूचना पर कोटा शहर पुलिस ने दबिश दी, लेकिन अपराधी ने पुलिस पर फायरिंग कर दी। जवाबी कार्रवाई के बावजूद वह फरार हो गया। इस घटना पर थाना सांगोद में प्रकरण दर्ज किया गया।
घटना की गंभीरता को देखते हुए कोटा ग्रामीण एसपी सुजीत शंकर ने विशेष टीमों का गठन किया। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक रामकल्याण मीणा और उप अधीक्षक घनश्याम मीणा के निर्देशन में टीमों ने तकनीकी अनुसंधान शुरू किया। साइबर सेल के लाखन सिंह ने महत्वपूर्ण सूचना दी कि आदिल मिर्जा अपने साथियों के साथ मोडक क्षेत्र के चौसला ब्रिज के पास अमरूद के बाग में छिपा हुआ है।
इस सूचना पर वृत्त रामगंजमंडी, थाना सांगोद और एसपी कार्यालय की स्पेशल टीमों ने संयुक्त दबिश दी। अपराधी को देखते ही उसने पुलिस पर फायरिंग शुरू कर दी। पुलिस ने तुरंत जवाबी कार्रवाई की, जिसमें आदिल मिर्जा घायल हो गया। उसके साथी भी घायल हुए।
जब्त सामान और नया प्रकरण
मुठभेड़ के बाद पुलिस ने अपराधी से भारी मात्रा में हथियार और अन्य सामान बरामद किए
– 1 12 बोर देशी कट्टा (दो नाली)
– 2 देशी कट्टा
– 1 पिस्टल
– 3 मैगजीन सहित 16 जिंदा कारतूस
– 1 चाकू
– 3 एंड्रॉइड मोबाइल
– 1 छोटा मोबाइल
– 1 जियो डॉगल
– 1 मोटरसाइकिल और 1 स्कूटी
इस कार्रवाई के लिए थाना मोडक में अलग से प्रकरण संख्या 13/2026 दर्ज किया गया है।
पुलिस अधिकारी का बयान
कोटा ग्रामीण एसपी सुजीत शंकर ने बताया कि यह गिरफ्तारी थाना सांगोद के फायरिंग प्रकरण, कोटा शहर के फायरिंग मामलों और पुलिस टीम पर फायरिंग के प्रकरणों में फरार चल रहे आदिल मिर्जा को दबोचने में बड़ी सफलता मिली है। उन्होंने टीम की सराहना की और कहा कि ऐसे हार्डकोर अपराधियों के खिलाफ पुलिस का अभियान जारी रहेगा।







