कोटा। कोटा ग्रामीण पुलिस ने सीएफसीएल टाउनशीप (गढेपान) में दिसंबर 2025 में हुई करोड़ों रुपये की नकबजनी की दो बड़ी वारदातों का पर्दाफाश किया है। पुलिस ने अंतरराज्यीय नकबजन गिरोह के मुखिया सहित कुल 6 अपराधियों को गिरफ्तार किया है। इस कार्रवाई में घटना में प्रयुक्त स्कोडा कार, 133 ग्राम सोना, 781 ग्राम चांदी और 29 लाख रुपये नकद बरामद किए गए हैं। पुलिस अधीक्षक सुजीत शंकर के अनुसार, यह गिरोह मध्य प्रदेश, गुजरात और अन्य राज्यों में सक्रिय था तथा पूरे देश में दर्जनों नकबजनी के मामलों में वांछित था।
घटनाओं का विवरण
13-14 दिसंबर 2025 की रात को सीएफसीएल टाउनशीप के बी-18 और बी-19 मकानों में नकबजनी हुई। प्रथम पीड़ित राजकुमार मित्तल (मैनेजर) ने बताया कि परिवार के साथ बाहर गए थे, लौटने पर घर का ताला टूटा मिला। सोने-चांदी के आभूषण, बर्तन और 5.30 लाख नकद चोरी हो गए। कुल चोरी का माल करीब 12 किलो चांदी और 325 ग्राम सोना था। दूसरी घटना में अशोक कुमार छीपा (मैनेजर इलेक्ट्रिकल) के घर से 460 ग्राम सोना और 2 किलो चांदी के आभूषण चोरी हुए। दोनों मामलों में धारा 331(4), 305(क) बीएनएस के तहत प्रकरण दर्ज हुए।
पुलिस की विशेष टीम और जांच
पुलिस अधीक्षक के निर्देशन में अतिरिक्त एसपी रामकल्याण मीणा, वृताधिकारी राजेश ढाका के सुपरविजन में विशेष टीम गठित की गई। टीम ने घटनास्थल का निरीक्षण किया, स्थानीय कर्मचारियों का विश्लेषण किया और तकनीकी जांच शुरू की। सीसीटीवी फुटेज में एक संदिग्ध स्कोडा सेडान कार दिखी, जिसका नंबर MP से शुरू होता था। टीम ने खानपुर टोल प्लाजा से रूट ट्रेस किया और करीब 600 किमी के 1500 सीसीटीवी कैमरों की छानबीन की। तकनीकी डेटा और साइबर सेल (भूपेंद्र हाडा) की मदद से गिरोह का मुखिया करण भाभर (धार, मध्य प्रदेश) का पता चला।
गिरफ्तारी और बरामदगी
टीम ने मध्य प्रदेश के धार जिले (टांडा थाना) में 15 दिनों तक गुप्त निगरानी की। फल-सब्जी विक्रेता, मैकेनिक और ढाबा कर्मचारी बनकर सूचनाएं जुटाईं। इंदौर में रेकी करते करण को एयरपोर्ट से डिटेन कर गिरफ्तार किया। पूछताछ में उसने वारदात कबूल की। साथी भारत सिंह, अन सिंह मेहडा, चोरी का माल खरीदने वाले संजय सोनी (इंदौर), हार्दिक सोनी (गरबाडा, गुजरात) और राज सोनी (जोबट, अलीराजपुर) भी गिरफ्तार हुए। स्कोडा कार (MP51CA0764) जब्त की गई। बरामद माल में सोना-चांदी के अलावा नकद शामिल है। 20 लाख की जेसीबी बुकिंग रिवर्ट कराई जा रही है।
गिरोह का मॉडस ऑपरेंडी और अन्य खुलासे
अपराधी गूगल मैप पर टाउनशीप/फैक्ट्री सर्च कर टारगेट चिन्हित करते, रात में तार काटकर अंदर घुसते, ताले तोड़कर सोने-चांदी चुराते। एक व्यक्ति कार में इंतजार करता। गिरोह ने विजयपुर (गुना) गेल टाउनशीप में 8 मकानों और झालावाड़ थर्मल टाउनशीप में 13 मकानों में चोरी की। कुल 33 वारदातें कबूल कीं। करण भाभर और भारत सिंह मध्य प्रदेश, गुजरात, आंध्र प्रदेश में वर्षों से वांछित थे। गिरोह इंदौर की पॉश कॉलोनी में नई रेकी कर रहा था।
फरार अपराधी
संजय (बुलुर), मान सिंह, महेंद्र, राहुल सोनी और चेतन सोनी अभी फरार हैं। पुलिस उनकी तलाश में जुटी है।








